डॉक्टर को बचाने के लिए भीड़ के आगे ढाल बन खड़े रहे सुरक्षा कर्मी

पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में बुधवार देर रात को 12 बजे उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया जब मरीज की मौत पर गुस्साए तीमारदारों ने इमरजेंसी वार्ड म...

डॉक्टर को बचाने के लिए भीड़ के आगे ढाल बन खड़े रहे सुरक्षा कर्मी

डॉक्टर को बचाने के लिए भीड़ के आगे ढाल बन खड़े रहे सुरक्षा कर्मी

पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में बुधवार देर रात को 12 बजे उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया जब मरीज की मौत पर गुस्साए तीमारदारों ने इमरजेंसी वार्ड में ओटी के दरवाजे को तोड़ने के लिए लात मारना शुरू कर दिया।
निजी सुरक्षा कर्मियों ने जब इन लोगों को नियंत्रित करने का प्रयास किया तो उन्होंने उनके ऊपर ही हमला कर दिया। ड्यूटी पर तैनात महिला डॉक्टर से भी अभद्र व्यवहार किया। उन्हें अपनी जान बचाने के लिए ओटी में छिपना पड़ा। उन्हें नुकसान पहुंचाने के लिए ये लोग उतारू हो गए। निजी सुरक्षा कर्मी डॉक्टर और भीड़ के बीच ढाल बनकर खड़े रहे। अपने ऊपर बरसते लात-घूंसों की परवाह किए बिना उन्होंने डाॅक्टर की जान बचाई। इस कार्य के लिए मेडिकल कॉलेज प्रबंधन सहित अन्य सभी कर्मचारी उनकी सराहना भी कर रहे हैं। यदि निजी सुरक्षा कर्मी वहां ढाल बनकर खड़े नहीं रहते तो शायद महिला डॉक्टर को कुछ भी हो सकता था। सूचना मिलने पर देर रात को पुलिस भी अस्पताल पहुंच गई। उन्होंने चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। सीसीटीवी फुटेज को भी कब्जे में ले लिया है। इसमें मारपीट करने वाले अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है। पीड़ित डॉक्टर कृतिका सहित मारपीट में घायल निजी सुरक्षा कर्मियों के बयान भी कलमबद्ध किए गए हैं। इसके आधार पर पुलिस आगामी कार्रवाई कर सकती है। पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने बताया कि इस मामले में निष्पक्ष जांच की जा रही है।

ताज़ा खबरें

अधिक देखी जाने वाली खबरें