नगर परिषद डलहौजी के चुनावों में ट्रैफिक व्यवस्था, पेयजल संकट, कचरा प्रबंधन, रोजगार और लंबित विकास कार्य अहम मुद्दे हैं। शहर में ट्रैफिक और पार्किंग की...
आज तक नहीं सुधरी डलहौजी शहर की ट्रैफिक और पार्किंग व्यवस्था
नगर परिषद डलहौजी के चुनावों में ट्रैफिक व्यवस्था, पेयजल संकट, कचरा प्रबंधन, रोजगार और लंबित विकास कार्य अहम मुद्दे हैं। शहर में ट्रैफिक और पार्किंग की समस्या सबसे बड़ा मुद्दा बनकर उभरी है। पर्यटन सीजन के दौरान वाहनों की संख्या बढऩे से जाम की स्थिति आम हो जाती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि स्थायी समाधान के लिए मल्टी-लेवल पार्किंग और सडक़ चौड़ीकरण जैसे प्रोजेक्ट समय पर पूरे किए जाने चाहिए। पेयजल आपूर्ति और सीवरेज व्यवस्था भी लोगों की चिंता का कारण बनी हुई है। कई वार्डों में नियमित पानी की सप्लाई नहीं होने और पुरानी सीवरेज लाइनों के चलते बरसात के दौरान जलभराव की समस्या सामने आती है।
इसके अलावा आंतरिक सडक़ों की खराब स्थिति भी आम जनजीवन को प्रभावित कर रही है। सफाई व्यवस्था और कचरा प्रबंधन को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। पर्यटन सीजन में कचरे का दबाव बढऩे से नगर परिषद की व्यवस्थाएं प्रभावित होती हैं। ऐसे में ठोस कचरा प्रबंधन की आधुनिक और स्थायी व्यवस्था की मांग जोर पकड़ रही है। इस बार चुनाव में रोजगार का मुद्दा भी प्रमुखता से उभरकर सामने आया है। स्थानीय युवाओं का कहना है कि पर्यटन नगरी होने के बावजूद स्थायी रोजगार के अवसर सीमित हैं। अधिकांश रोजगार मौसमी ‘सीजनल’ होने के कारण युवाओं को साल भर काम नहीं मिल पाता। युवाओं की मांग है कि पर्यटन के साथ-साथ स्किल डेवलपमेंट, छोटे उद्योग और स्वरोजगार योजनाओं को बढावा दिया जाए ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित हो सकें।
लंबे समय से विकास परियोजनाएं अधूरी
शहर में कई महत्वपूर्ण विकास परियोजनाएं भी लंबे समय से अधूरी पड़ी हैं। इनमें मल्टी-लेवल पार्किंग, सीवरेज अपग्रेडेशन, सडक़ सुधार और ड्रेनेज सिस्टम से जुड़े कार्य शामिल हैं। इन परियोजनाओं के लंबित रहने के पीछे प्रशासनिक देरी, विभागों के बीच तालमेल की कमी, सीमित बजट और पहाड़ी क्षेत्र की भौगोलिक चुनौतियां प्रमुख कारण माने जा रहे हैं। इसके साथ ही स्ट्रीट लाइट और सौंदर्यीकरण का मुद्दा भी चुनावों में अहम रहेगा।
इस बार वादों से संतुष्ट नहीं होंगे मतदाता
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस बार मतदाता केवल वादों से संतुष्ट नहीं होंगे, बल्कि जमीनी स्तर पर हुए कार्यों और भविष्य की ठोस योजनाओं के आधार पर अपना फैसला देंगे। बहरहाल, डलहौजी में इस बार का चुनाव बुनियादी सुविधाओं के सुधार, पार्किंग व्यवस्था, रोजगार सृजन, नाइट टूरिज्म और अधूरी योजनाओं को पूरा करने के इर्द-गिर्द केंद्रित नजर आ रहा है, जोकि शहर के भविष्य की दिशा तय करेगा।